Bodhgaya Temple

महाबोधि महाविहार वार्षिक कैलेंडर 2026 का हुआ विमोचन

आज समाहरणालय सभाकक्ष में जिला पदाधिकारी सह अध्यक्ष बीटीएमसी बोधगया श्री शशांक शुभंकर द्वारा बीटीएमसी की ओर से बनाए गए महाबोधि मंदिर की वार्षिक कैलेंडर का विमोचन किया गया। इस बहुप्रिष्ठीय कैलेंडर में बोधगया की सांस्कृतिक विरासत दर्शाया गया है। विदित हो कि बीटीएमसी के नेतृत्व मे मंदिर के विकास हेतु अनेको कार्य करवाये गए हैं, ताकि मन्दिर आने वाले यात्रियों/ लोकल और विदेशी पर्यटकों को कही कोई दिक्कत नही हो सके। हाल के वर्षो मे माननीय मुख्यमंत्री जी के निर्देश के आलोक मे नये कार्यालय भवन का निर्माण करवाया गया है साथ ही मंदिर और कार्यालय में सौर्य ऊर्जा को बढ़ावा के लिए सोलर सिस्टम मे रूपांतरित किया गया है। मंदिर परिषर में रैम्प को विस्तारीकरण भी करवाया गया है ताकि वृद्ध पर्यटकों को व्हीलचेयर के माध्यम से अच्छे से मंदिर घूम सके।

बीटीएमसी द्वारा कैलेंडर 12 पृष्ठों का है। पहले पृष्ठ पर महाबोधि मंदिर के चित्र के साथ 2026 के महत्वपूर्ण आयोजनों की संक्षिप्त जानकारी दी गई है।

जनवरी माह के पृष्ठ पर मंदिर के पवित्र गर्भगृह में विराजित भगवान बुद्ध की मूर्ति का चित्र है, जो इसकी भव्यता को दर्शाता है।

फरवरी पृष्ठ पर महाबोधि महाविहार के शीर्ष का चित्र है, जिसका स्वर्धिम छत्र स्वर्धिम आभा प्रदर्शित कर रही है।

मार्च महीने के पृष्ठ पर महाबोधि मंदिर की रात्रिकालीन भव्यता को दिखाया है, जो एलईडी लाइट से अपनी खुबसुरती प्रदर्शित कर रही है।

अप्रैल माह के पृष्ठ पर महाबोधि मंदिर परिसर का एरियल व्यू दिखाया गया है, जिससे इसकी हरित क्षेत्र व निरंजना नदी भी भव्य रूप में दिख रहा है।

मई माह के पृष्ठ पर महाबोधि मंदिर परिसर में बोधिवृक्ष के नीचे आयोजित पवित्र कठिन चीवर दान समारोह को दर्शाया गया है।

जून माह के पृष्ठ पर निरंजना नदी के पूर्वी तट से महाबोधि को दिखाया गया है। नदी के पानी में सूर्य और महाबोधि मंदिर की छाया मयनाभिराम लग रहा है।

जुलाई माह के पृष्ठ पर पवित्र बोधिवृक्ष के जड़ और बिछू फूलों को दिखाया गया है।

अगस्त माह के पेज पर पवित्र बोधिवृक्ष की टहनियों से प्रस्फुटित होते नए कोपलों को दिखाया गया है।

सितंबर माह के पेज पर महाबोधि मंदिर परिसर में बोधिवृक्ष के नीचे श्रामणेर की दीक्षा लेते विदेशी नागरिकों को श्वेत वस्त्र में दिखाया है।

अक्टूबर माह के पेज पर महाबोधि मंदिर के उत्तर में स्थित रत्न चंक्रमण चैत्य को दिखाया गया है।

नवंबर माह के पेज पर महाबोधि मंदिर के उपरी तल्ले पर विराजित बोधिसत्व मूर्ति को दिखाया गया है।

दिसंबर माह के पेज में महाबोधि मंदिर को मुख्य प्रवेश से उसकी भव्यता को चित्रित किया है।

इस अवसर पर चीफ मोंक बीटीएमसी वेन० चालिन्दा भंते, बीटीएमसी के वरीय भिक्खु वेन० डॉ० मनोज भंते, सचिव बीटीएमसी डॉ० महाश्वेता महारथी, सदस्य बीटीएमसी डॉ अरविंद कुमार सिंह एवं सदस्य डॉ० किरण लामा उपस्थित थे।